nanakaana saahib : ab paakistaan ke panjaab praant mein haiसिक्खों का प्रसिद्ध तीर्थ ननकाना साहिब, लाहौर के पास शेखूपुरा जिले में है, जो अब पाकिस्तान के पंजाब प्रांत में है। सिक्ख संप्रदाय के संस्थापक और प्रथम गुरु नानक का जन्म यहीं पर सन् 1469 में हुआ था। पाकिस्तान बनने के पहले से ही यह प्रमुख तीर्थ के रूप में प्रसिद्ध रहा है।
गुरुसाहिब का जन्मस्थल
पूज्य स्थानों में गुरुसाहिब का जन्मस्थल, विशाल गुरुद्वारा के अलावा यहां गुरु की बहन का स्थान तथा पवित्र कूप है। अनेक प्रकार के धार्मिक त्योहारों पर बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं की टोली भारत से ननकाना साहिब जाया करती है। इस ऐतिहासिक शहर में गुरुनानक की स्मृति से संबंधित अनेक पूजास्थल तथा संस्थाएं हैं, जिन्हें पाकिस्तान के अलावा बाहर के लोगों से काफी अनुदान मिलता है, जिससे गुरुद्वारा और सराय का उचित प्रबंध होता है।
बाघा बॉर्डर तक बस सुविधा का भी इंतजाम
जिला मुख्यालय शेखूपुरा से दक्षिण – पश्चिम की ओर जाने वाली रेल लाइन पर ननकाना साहिब एक रेलवे स्टेशन है। यहां पहुंचने के लिए बाघा बॉर्डर पार कर लाहौर से सड़क मार्ग द्वारा भी तीर्थयात्री सुविधा के साथ जाते हैं। प्रतिवर्ष धार्मिक समारोह में यात्रियों की सुविधा के लिए पाकिस्तान में विशेष इंतजाम किया जाता है। अब बाघा बॉर्डर तक भारत – पाकिस्तान की ओर से बस सुविधा का भी इंतजाम है।