बोले, सपा नेताओं को चुन-चुनकर फर्जी मुकदमें में फंसा रही भाजपा सरकार
मनोज श्रीवास्तव/लखनऊ। सपा मुखिया अखिलेश यादव भले ही उपचुनाव के दौरान आजमगढ़ नहीं पहुंचे लेकिन जेल में बंद बाहुबली विधायक रमाकांत यादव से मिलने पहुंच गये। जहरीली शराब कांड में आरोपित रमाकांत से अखिलेश यादव ने जेल में मुलाकात करके जिले में उनका कद बढ़ा दिया। अखिलेश के आजमगढ़ आने और रमाकांत से जेल में मिलने को 2024 के लोकसभा चुनाव से जोड़कर देखा जा रहा है। रमाकांत को बैरक से बाहर निकालकर हाल में अखिलेश से एक घंटे मुलाकात चली। जेल के बाहर निकले पर सपा मुखिया ने कहा कि राज्य सरकार चुन-चुन कर सपा नेताओं को फर्जी मुकदमें दर्ज जेल भेजने का काम कर रही है।
उन्होंने कहा कि सपा विधायक रमाकांत यादव को गलत मामलों में फंसाया गया है। उनके उपर पुराने मामले थे। इसमें उनको जमानत मिली थी, लेकिन उनको नए मामलों में फंसा दिया गया। भाजपा सरकार की यही साजिश विपक्षी नेताओं के साथ प्रदेश से लेकर देश में चल रही है। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार द्वारा सीबीआई, ईडी और पुलिस का गलत इस्तेमाल किया जा रहा है। विपक्षियों के मनोबल को तोड़ने की साजिश की जा रही है। यूपी में 2024 के लोकसभा चुनाव में भाजपा का सफाया होगा। आम जनता महंगाई, बेरोजगारी जैसी तमाम समस्याओं से पीड़ित है।
स्थानीय निकाय के एमएलसी और लोकसभा के उपचुनाव में मिली शिकस्त के बाद ये अखिलेश का आजमगढ़ का पहला दौरा है। दो चुनावों में सपा को अपने ही गढ़ में हार मिलने के बाद अखिलेश के इस दौरे को सीधे तौर पर 2024 लोकसभा चुनाव से जोड़कर देखा जा रहा है। अखिलेश आजमगढ़ से सांसद रहे हैं। यहां हुए लोकसभा उपचुनाव में वो प्रचार के लिए नहीं आए थे। जबकि उनके चचेरे भाई धर्मेंद्र यादव सपा से प्रत्याशी थे। सपा को अपने ही गढ़ में हार का सामना करना पड़ा। ऐसा माना जा रहा है कि इस दौरे के जरिये अखिलेश फिर आजमगढ़ में सक्रिय होने जा रहे हैं।