तीन मंदिर नहीं दिए तो तीस हजार पर दावा करेंगे हिंदू: भारतीय केसरिया वाहिनी
लखनऊ। अयोध्या में श्री राम मंदिर के निर्माण का मार्ग प्रशस्त होने के बाद अब काशी और मथुरा को लेकर हिंदू समुदाय आशांवित हो गया है। भारतीय केसरिया वाहिनी ने मुस्लिम पक्षकारों से कहा है कि श्री राम मंदिर को लेकर लम्बा अदालती संघर्ष हिंदुओं को देखना पड़ा है लेकिन मथुरा और काशी के मामले में मुस्लिम पक्षकार स्वयं पहल करते हुए इसे हिंदुओं को सौप दें।
वाहिनी के अध्यक्ष मनोज कृष्ण श्रीवास्तव ने कहा कि सात सौ से अधिक वर्षों से हिंदू राम मंदिर को लेकर संघर्ष कर रहे थ्ो। लाखों हिंदू राम भक्तों ने इस मंदिर के लिए प्राणों की आहूति दी है। कई दशकों के अदालती संघर्ष के बाद आखिरकार हिंदुओं का सपना पूरा होने वाला है। अयोध्या में श्री राम मंदिर बन रहा है। उन्होंने कहा कि मुस्लिमों को हिंदुओं की आस्थाओं को ध्यान में रखते हुए अब मथुरा और काशी स्वयं हिंदुओं को सौप देना चहिए।
उन्होंने कहा कि मथुरा और काशी को लेकर मुस्लिम भाई भाईचारा दिखाएं। उन्होंने कहा कि वैसे भी जहां बुत परस्ती हो चुकी हो, वहां पर नमाज अदा करना धर्मसंगत नहीं है। उन्होंने कहा कि हिंदुओं के लिए कोर्ट व कार सेवा के विकल्प खुले हैं, लेकिन फिर भी हम चाहते हैं कि मुस्लिम भाई आपसी भाईचारे का परिचय देते हुए यह दोनों पावन स्थल हिंदुओं को सौप विश्व को शांति का संदेश दे।
उन्होंने साफ शब्दों में कहा कि अगर मुस्लिम पक्ष हिंदुओं की भावनाओं का अब भी ध्यान नहीं रख्ोंगा तो हिंदू समाज तीन नहीं तीस हजार मंदिरों पर दावा ठोकेंगा और उन्हें हर हाल में हासिल करेंगा।