झांसी । उत्तर प्रदेश के झांसी में शुक्रवार की रात महारानी लक्ष्मीबाई मेडिकल कॉलेज के शिशु वार्ड में आग लगने से बड़ा हादसा हो गया। झांसी के डीआईजी कला निधि नैथानी ने 10 बच्चों की मौत की पुष्टि की है। हादसे में कई बच्चे गंभीर रूप से घायल हैं। 37 को सुरक्षित निकला गया है । यहां 47 बच्चे भर्ती थे, जिनमें से अधिकांश को पास के सुपर स्पेशलिटी वार्ड में स्थानांतरित कर दिया गया। इधर मुख्यमंत्री ने मंडल आयुक्त व जिलाधिकार व्यवस्थाएं सुनिश्चितक के कड़े निर्देश दिए हैं। सीएम के निर्देश पर उपमुख्यमंत्री झांसी पहुंच गए और व्यवस्थाओं का जायजा ले रहे हैं।
वहीं,झांसी मेडिकल कॉलेज हादसे में शिकार परिजनों को यूपी सरकार ने पांच-पांच लाख रुपये देने की घोषणा की है। घायलों के परिजनों को पचास-पचास हजार की सहायाता मिलेगी। वहीं इस घटना पर पीएम मोदी ने शोक जताया है। वहीं पीएम कोष से भी मुआवजे का एलान हो गया है।
आग लगने के बाद पूरे मेडिकल कॉलेज में भगदड़ मच गई। फायर ब्रिगेड की टीम ने तुरंत आग पर काबू पाया। शुरुआती जांच में शॉर्ट सर्किट को हादसे का कारण बताया जा रहा है। बच्चों के परिजनों का अस्पताल परिसर में रो-रोकर बुरा हाल है। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इस हृदयविदारक हादसे पर शोक व्यक्त किया।
● मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने झांसी मेडिकल कॉलेज के एनआईसीयू में हुई दुर्घटना पर गहरा दुःख जताया है।
● शुक्रवार देर रात घटना की सूचना मिलते ही मुख्यमंत्री ने रातों-रात उपमुख्यमंत्री बृजेश पाठक और प्रमुख सचिव स्वास्थ्य को मौके पर भेजा।
● मुख्यमंत्री जी पूरी रात घटनास्थल से पल-पल की जानकारी लेते रहे। टीवी पर भी नजर बनाए रखी।
● मुख्यमंत्री के निर्देश पर घटना में असमय काल कवलित नवजात बच्चों के माता-पिता को 05-05 लाख रुपये तथा घायलों के परिजनों को 50-50 हजार रुपये की सहायता मुख्यमंत्री राहत कोष से उपलब्ध कराई जा रही है।
● मुख्यमंत्री जी ने झांसी के मंडलायुक्त और डीआईजी को 12 घंटे में घटना के संबंध में रिपोर्ट देने के निर्देश दिए हैं।